FII is now on Telegram
< 1 min read

आज FII के इस वीडियो में हम बात कर रहे हैं मैरिटल रेप यानि वैवाहिक बलात्कार की। उस अपराध की जो शादी के बाद एक पति अपनी पत्नी के साथ करता है पर उसे उसकी कोई सज़ा नहीं मिलती। आइए जानते हैं कैसे? पितृसत्तात्मक मूल्यों पर आधारित शादी की संस्था के तहत हमारे देश में मैरिटल रेप आज भी कानूनी रूप से वैध है। सरकार और समाज की तरफ से दिए जाने वाला यह तर्क कि कि मैरिटल रेप को अपराध घोषित कर देने से शादी और परिवार की संस्था खतरे में पड़ जाएगी एक बेतुका है। घर के बंद दरवाज़ों के पीछे होने वाला शारीरिक शोषण अपराध है, क्राइम है। सिर्फ इसलिए कि शोषणकर्ता महिला का पति है इसलिए उसे अपराधी नहीं कह सकते!! इस पर सोचने की ज़रूरत है

Follow FII channels on Youtube and Telegram for latest updates.

नारीवादी मीडिया को ज़रूरत है नारीवादी साथियों की

हमारा प्रीमियम कॉन्टेंट और ख़ास ऑफर्स पाएं और हमारा साथ दें ताकि हम एक स्वतंत्र संस्थान के तौर पर अपना काम जारी रख सकें।

फेमिनिज़म इन इंडिया के सदस्य बनें

अपना प्लान चुनें

Leave a Reply